अलीगढ। एक मां-बाप के लिए इससे बड़ा दर्द क्या होगा कि सुबह हंसते-खेलते स्कूल भेजी गई बच्ची दोपहर में कभी वापस न लौटे। उत्तर प्रदेश के अलीगढ़ में ऐसा ही दिल दहला देने वाला हादसा हुआ, जब चलती स्कूल बस का फर्श टूट गया और आठ साल की बच्ची नीचे गिरकर बस के पहिए के नीचे आ गई। इस घटना ने स्कूल वाहनों की सुरक्षा पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। अब परिवहन विभाग ने इस मामले में सख्त कार्रवाई की है।
यह हादसा 28 फरवरी को अलीगढ़ सीमा से सटे कासगंज जिले के गांव नगला साधु के पास हुआ। बस अलीगढ़ के माउंट देवा इंटरनेशनल स्कूल की बताई जा रही है। जांच में सामने आया कि चलती बस का फर्श अचानक टूट गया। इसी दौरान यूकेजी में पढ़ने वाली छात्रा अनन्या नीचे सड़क पर गिर गई। इससे पहले कि ड्राइवर कुछ समझ पाता, बस का पहिया बच्ची के ऊपर चढ़ गया। मौके पर ही उसकी मौत हो गई।
न तो बीमा और न ही परमिट..!
परिवहन आयुक्त किंजल सिंह ने जानकारी दी कि प्राथमिक जांच में गंभीर लापरवाही सामने आई है।बस का बीमा (इंश्योरेंस) एक्सपायर था। इतना ही नहीं, वाहन का परमिट भी वैध नहीं था। यानी जिस बस में बच्चे रोज सफर कर रहे थे, वह कागजों पर ही नियमों के खिलाफ चल रही थी।
दो अधिकारी सस्पेंड, कई को नोटिस
इस मामले में अलीगढ़ की आरटीओ प्रवर्तन वंदना सिंह और तत्कालीन संभागीय निरीक्षक (आरआई) चंपालाल को सस्पेंड कर दिया गया है। इसके अलावा उप परिवहन आयुक्त आगरा, एआरटीओ (प्रशासन-प्रवर्तन) अलीगढ़, एआरटीओ (प्रशासन-प्रवर्तन) कासगंज और अलीगढ़ के यात्रीकर अधिकारी को नोटिस जारी कर तीन दिन में स्पष्टीकरण मांगा गया है। स्कूल प्रबंधन के खिलाफ एफआईआर दर्ज कराने के लिए भी तहरीर दी गई है।
कौन थी अनन्या?
अनन्या थाना गंगीरी क्षेत्र की रहने वाली थी। उसके पिता रवि गंगीरी चौराहे पर जनसेवा केंद्र चलाते हैं। अनन्या यूकेजी में पढ़ती थी और उसका बड़ा भाई गोलू कक्षा तीन का छात्र है। दोनों रोज की तरह 28 फरवरी को भी स्कूल बस से घर लौट रहे थे। रास्ते में यह हादसा हो गया। बताया जा रहा है कि बहन को गिरते देख भाई गोलू जोर से चिल्लाया, तब जाकर ड्राइवर ने बस रोकी। लेकिन तब तक बहुत देर हो चुकी थी।

